सागर से उठकर जो लहरें साहिल को आ छू जाती हैं, धीरे से उमंगे भी उठकर मेरे दिल के तार ब सागर से उठकर जो लहरें साहिल को आ छू जाती हैं, धीरे से उमंगे भी उठकर मेरे दिल ...
दिल थोड़ा खफ़ा-सा है दिल थोड़ा खफ़ा-सा है
एक बार दिल जब टूट जाता है फिर जोड़े से भी नहीं जुड़ता है ...मरहम चाहे लग जाये पर निशान फिर भी रह जाता ... एक बार दिल जब टूट जाता है फिर जोड़े से भी नहीं जुड़ता है ...मरहम चाहे लग जाये पर न...
कब किस पर कैसे प्रहार करने छूटा कब किस पर कैसे प्रहार करने छूटा
सांसे चल रही हैं तुमसे जुदा होकर भी कहीं न कहीं तुम आज भी बाक़ी हो मुझमें, तभी तो दर सांसे चल रही हैं तुमसे जुदा होकर भी कहीं न कहीं तुम आज भी बाक़ी हो मुझमें, ...
दिल सच्चा है, लेकिन ज़माने के लिए झूठा हुं मैं, आज फिरसे गीरकर अपने पैरों पर उठा हुं मैं... दिल सच्चा है, लेकिन ज़माने के लिए झूठा हुं मैं, आज फिरसे गीरकर अपने पैरों पर उठा...